चंडीगढ़, 8 जनवरी – हरियाणा के विकास एवं पंचायत मंत्री श्री कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि ग्रामीण विकास को गति देने के लिए पंचायती राज संस्थाओं द्वारा निरंतर विकास कार्य करवाएं जा रहे हैं। पिछले पांच वर्षों के दौरान जिला परिषद, पंचायत समिति और ग्राम पंचायतों द्वारा 5583 करोड़ रुपये की राशि खर्च की गई है।
श्री कृष्ण लाल पंवार आज यहां हरियाणा सिविल सचिवालय में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
पंचायत मंत्री ने कहा कि 15वें वित्त आयोग की ओर से जिला परिषद को 460.76 करोड़ रुपये, पंचायत समितियों को 691.14 करोड़ रुपये तथा ग्राम पंचायतों को 3455.13 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की गई, जिसमें से तीनों पंचायती राज संस्थाओं द्वारा कुल 2689.91 करोड़ रुपये यानि 58.4 प्रतिशत राशि खर्च की गई है।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2020-21 के दौरान 1264 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे, जिसमें से 229.36 करोड़ रुपये खर्च हुए। इसी प्रकार, वर्ष 2021-22 में 467.50 करोड़ रुपये आवंटित हुए और 340.71 करोड़ रुपये की राशि खर्च हुई। वर्ष 2022-23 में 660.96 करोड़ रुपये आवंटित हुए, जिसमें से 233.15 करोड़ रुपये खर्च किए गए। वहीं, वर्ष 2023-24 में 1150.49 करोड़ रुपये में से 763.79 करोड़ रुपये खर्च किए गए। उन्होंने बताया कि वर्ष 2024-25 में 15वें वित्त आयोग की ओर से 1064.08 करोड़ रुपये आवंटित हुए और 1122.90 करोड़ रुपये की राशि खर्च हुई है। इस प्रकार, इन पांच सालों में कुल 4607.02 करोड़ रुपये मिले, जिनमें से 2689.91 करोड़ रुपये विकास कार्यों पर खर्च किए गए हैं।
विकास एवं पंचायत मंत्री श्री कृष्णि लाल पंवार ने राज्य वित्त आयोग के आंकड़ों की जानकारी साझा करते हुए बताया कि जिला परिषद को 347.29 करोड़ रुपये, पंचायत समितियों को 526.13 करोड़ रुपये तथा ग्राम पंचायतों के लिए 2654.46 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की गई, जिसमें से तीनों पंचायती राज संस्थाओं द्वारा कुल 2894.06 करोड़ रुपये यानि 82 प्रतिशत राशि खर्च की गई है।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2020-21 के दौरान राज्य वित्त आयोग के की ओर से 254.61 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे, जिसमें से पूरी राशि 254.61 करोड़ रुपये खर्च की गई। इसी प्रकार, वर्ष 2022-23 में 1100 करोड़ रुपये आवंटित हुए, जिसमें से 478.13 करोड़ रुपये खर्च किए गए। वहीं, वर्ष 2023-24 में 1521.42 करोड़ रुपये में से 844.80 करोड़ रुपये खर्च किए गए। उन्होंने बताया कि वर्ष 2024-25 में 651.85 करोड़ रुपये आवंटित हुए और 1316.52 करोड़ रुपये की राशि खर्च हुई है। इस प्रकार, इन पांच सालों में कुल 3527.88 करोड़ रुपये मिले, जिसमें से 2894.06 करोड़ रुपये विकास कार्यों पर खर्च किए गए हैं।
अधिकारियों को दिए गए हैं सख्त निर्देश, केंद्र और राज्य से प्राप्त पैसे को 3 माह के अंदर विकास कार्यों पर किया जाए खर्च
मंत्री ने कहा कि अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि केंद्र और राज्य से प्राप्त पैसे को 3 माह के अंदर विकास कार्यों पर खर्च किया जाए। यदि 3 माह के अंदर यह राशि खर्च नहीं होती है तो संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। उन्होंने कहा कि हरियाणा ग्रामीण विकास कोष और हरियाणा ग्रामीण विकास योजना के तहत नवंबर 2019 से अब तक कुल 2608.46 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं।
1 हजार गांवों में खोले जाएंगे महिला सांस्कृतिक केंद्र
श्री कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि पंचायत विभाग द्वारा शमशान घाट, कब्रिस्तान में चारदीवारी, रास्ता पक्का करना और शेड बनाने के कार्य को प्राथमिकता पर लिया है। 1 हजार गांवों में ई लाइब्रेरी खोली जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में पहले चरण में 2200 तालाबों का सुधारीकरण किया जा रहा है। इसके अलावा 250 गांवों में ओपन जिम स्थापित करने जा रहे हैं और 1 हजार गांवों में फिरनी को पक्का किया जाएगा। इसके अलावा, विभाग द्वारा एक नई पहल की जा रही है, जिसके तहत 1 हजार गांवों में महिला सांस्कृतिक केंद्र खोले जाएंगे, जहां महिलाएं कीर्तन इत्यादि कर सकें।
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