शिमला. पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के निधन के बाद अब प्रतिभा सिंह का सक्रिय राजनीति में कदम रखने की आवाज बुलंद हो रही है। कांग्रेस के नेता और समर्थक प्रतिभा सिंह को मंडी संसदीय क्षेत्र में होने वाले उपचुनाव में प्रत्याशी बनाने की मांग करने लगे हैं। यह तो तय लग रहा है कि प्रतिभा सिंह चुनावी मैदान में उतरेंगी, लेकिन मंडी संसदीय क्षेत्र के साथ अर्की विधानसभा क्षेत्र से भी चुनाव लड़ने की चर्चा है। अर्की की सीट वीरभद्र सिंह के निधन के बाद रिक्त हुई है, जहां उपचुनाव होने हैं। प्रतिभा सिंह मंडी संसदीय क्षेत्र से दो बार सांसद भी रहीं हैं, इस कारण संभावना यही है कि वह लोकसभा का चुनाव लड़कर दिल्ली की राजनीति में दस्तक दें। प्रदेश की राजनीति में उनके पुत्र विक्रमादित्य सिंह विधायक के तौर पर सक्रिय हैं। अगर कांग्रेस हाईकमान प्रतिभा सिंह को मंडी से लोकसभा का प्रत्याशी बनाती है तो यह सीधे तौर पर प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के समक्ष चुनौती होगी। मुख्यमंत्री भी मंडी जिले से हैं। प्रतिभा सिंह ने 2013 में लोकसभा के उपचुनाव में जयराम ठाकुर को पराजित किया था। जिससे तय है कि मंडी से प्रतिभा सिंह के उम्मीदवार होने के दशा में चुनावी मुकाबड़ा बहुत ही कड़ा होगा।
प्रदेश में होने वाले मंडी लोकसभा के उपचुनाव और तीन विधानसभा क्षेत्र फतेहपुर, अर्की और जुब्बल कोटखाई के लिए कांग्रेस नेताओं के बीच मंथन चल रहा है। चारों चुनाव जीतने के लिए पार्टी नेता मजबूत प्रत्याशियों की तलाश करने सहित जीतने की रणनीति पर काम कर रहे हैं। अभी हॉल ही में विधानसभा में विपक्ष के नेता मुकेश अग्निहोत्री, पूर्व मंत्री आशा कुमारी और गंगूराम मुसाफिर ने मंडी क्षेत्र का दौरा किया और नेताओं के साथ-साथ कार्यकताओं से फीडबैक लिया। सीनियर नेताओं के समक्ष मंडी जिले के नेताओं और पार्टी कार्यकर्ताओं ने प्रतिभा सिंह को ही मंडी से पार्टी प्रत्याशी बनाने की मांग की है। अब यह नेता मंडी से मिले नेताओं और कार्यकर्ताओं के फीडबैक को हाईकमान के समक्ष प्रस्तुत करेंगे। देखना होगा कि अब हाईकमान क्या निर्णय लेता है।
वहीं विक्रमादित्य सिंह कहते हैं कि मंडी और अर्की दोनों से चुनाव लड़ने के ऑप्शन खुले हैं। कहां से चुनाव लड़ना है, अभी इस बारे में निर्णय नहीं लिया है। अभी पार्टी नेताओं और जनता की बात पर ध्यान देकर मंथन कर रहे हैं। हाईकमान जो निर्णय लेगा, वही मान्य होगा। हालांकि विक्रमादित्य ने मंडी से चुनाव लड़ने के बारे में मीडिया से कहा कि कोई क्षेत्र किसी का गढ़ नहीं होता है।
मंडी संसदीय क्षेत्र से दिवंगत वीरभद्र सिंह भी कई बार सांसद रहे हैं और प्रतिभा सिंह भी दो बार सांसद रहीं हैं। जिससे तय है कि प्रतिभा सिंह का मंडी संसदीय क्षेत्र में मजबूत जनाधार है। वहीं वर्तमान में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर मंडी जिले से ही हैं। जिससे लोकसभा के उपचुनाव को जीतना भाजपा के साथ मुख्यमंत्री के लिए भी बड़ी चुनौती है। अब देखना है कि कांग्रेस हाईकमान प्रतिभा सिंह के बारे में क्या निर्णय लेती है और भाजपा किसे प्रत्याशी बनाती है।
कौल सिंह सहित कई दावेदार
कांग्रेस नेताओं के मंडी दौरे के लिए प्रतिभा सिंह को प्रत्याशी बनाने के साथ कौल सिंह ठाकुर को भी प्रत्याशी बनाने की मांग कई नेताओं ने की। इसके साथ ही अमित पाल सिंह, आश्रय शर्मा का नाम भी दावेदारों के रुप में सामने आया।
भाजपा में इन नामों की चर्चा
मंडी संसदीय क्षेत्र में होने वाले उपचुनाव को जीतना भाजपा के लिए बड़ी चुनौती है। इस कारण भाजपा भी मजबूत प्रत्याशी को उतारने के लिए मंथन कर रही है। जिससें सबसे प्रमुख नाम वर्तमान सरकार में मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर का है। इसके साथ ही पार्टी नेता अजय राणा, पूर्व सांसद महेश्वर सिंह भी दावेदारी जता रहे हैं। अब देखना है कि भाजपा किसे अपना उम्मीदवार बनाती है।
सुनील शर्मा बिट्टू : सत्ता की कुर्सी से विधानसभा पहुंचने की रणनीति
मुख्यमंत्री ने स्टेट अलाइड एंड हेल्थ केयर कांऊसिल की वेबसाइट का शुभारम्भ किया
HP SET EXAM 2026 apply, through “Online” mode only
HP SET GEOGRAPHY PAPER 3, 2015
HP PSC HP SET GEOGRAPHY PAPER 2, 2015
HP PSC HP SET ENGLISH PAPER 3, 2015
STATE ELIGIBILITY TEST-2026